लिपि किसे कहते हैं - lipi kise kahate hain

Post Date : 19 October 2022

किसी भी भाषा को बोलने से ध्वनिया उत्पन्न होती हैं। इन्ही ध्वनियों को लिखकर एक भाषा को पुस्तकों में संग्रहित किया जाता है। ताकि उसे पढ़कर जानकारी हासिल किया जा सके। लिखने के लिए जिन चिन्हों का प्रयोग किया जाता है उसे लिपि कहते है। 

लिपि किसे कहते हैं

लिपि किसी भाषा को लिखने का एक तरीका होता हैं। जिन ध्वनियों को लिखने के लिए, चिह्नों का प्रयोग किया जाता है, उसे लिपि कहते है। लिपि और भाषा दो अलग अलग चीज़ें होती हैं।

सभी उन्नत भषाओं की अपनी अलग लिपि होती है। लेकिन कई भाषाओ में एक ही लिपि का उपयोग किया जाता है। यह प्राचीन भाषा से विकसित भाषा होती है। जैसे - हिंदी और संस्कृत की लिपि देवनागरी लिपि है। संस्कृत से हिंदी का विकास हुआ है। 

आइये देखते हैं कुछ भाषा और उनके लिपि क्या हैं।

भाषा लिपि
अंग्रेजी रोमन
कश्मीरी शारदा
मराठी/नेपाल/हिंदी देवनागरी
उर्दू-फारसी सीरिलिक
पंजाबी गुरुमुखी
रूसी सीरिलिक

भाषा और लिपि में अंतर

एक भाषा आमतौर पर बोली जाने वाली भाषा, संचार की एक विधि को संदर्भित करती है। जबकि एक लिपि एक या एक से अधिक भाषाओं को लिखने के लिए उपयोग किया जा सकता है। 

भाषा संचार का एक तरीका है। एक भाषा का उद्देश्य एक दूसरे के विचारों को साझा करना होता है। दुनिया में 1.7 अरब लोग हैं, जिन्होंने समय के साथ संवाद करने के लिए कई भाषाएं विकसित की हैं। अनुमान के मुताबिक दुनिया में 5,000 से 7,000 भाषाएं हैं, जिनमें से आधी 2100 तक विलुप्त हो जाएंगी। 

किसी भाषा को लिखने के लिए अक्षरों के एक समूह की आवश्यकता होती है। अक्षरों के इस समूह को लिपि कहते हैं। लिपि को आधिकारिक तौर पर वर्णों के एक समूह के रूप में वर्णित किया जाता है। जिसमें संकेत और प्रतीक दोनों शामिल होते हैं। जिनका उपयोग संदेशों के संचार को संग्रहीत या स्थानांतरित करने के लिए किया जाता है।

सबसे अधिक इस्तेमाल की जाने वाली लिपि लैटिन लिपि है, जिसे रोमन लिपि भी कहा जाता है। दुनिया की 70% आबादी इस लिपि का उपयोग करती है। यह अधिकांश पश्चिमी और मध्य यूरोपीय भाषाओं के साथ-साथ दुनिया के अन्य हिस्सों की कई भाषाओं में लिखने का मानक तरीका है। अंग्रेजी, फ्रेंच, स्पेनिश, इतालवी, जर्मन आदि भाषाओं को इस लिपि का उपयोग करके लिखा जाता है।

भले ही कई पश्चिमी और मध्य यूरोपीय भाषाएं, जैसे अंग्रेजी, फ्रेंच, स्पेनिश, इतालवी, जर्मन, आदि, एक ही लिपि का उपयोग करती हैं, वे स्पष्ट रूप से अलग-अलग भाषाएं हैं।